भारत की इस अकेली सीट पर EVM से नहीं बल्कि बैलेट पेपर से पड़ेंगे वोट, ये है कारण

देश के लोकसभा चुनाव चल रहे है, फ़िलहाल पहले दौर का मतदान जल्द ही होने वाला हैं. वहीं कुछ चरणों के लिए उम्मीदवारों का नामांकन दाखिल करने का दौर जारी है. जैसा की आप जानते है कि काफी समय से देश भर में विधानसभा और लोकसभा चुनाव में ईवीएम का इस्तेमाल किया जाता है लेकिन इस बार लोकसभा की एक सीट पर ईवीएम का उपयोग हो पाना मुश्किल नजर आया रहा है.

EVM की शुरुआत के बाद से यह पहला मौका होगा जब किसी सीट पर ईवीएम उपयोग नहीं की जाएगी. इस बार तेलंगाना की निजामाबाद सीट पर EVM का प्रयोग नहीं किया जाएगा. यहां पर चुनाव बैलेट पेपर के जरिए कराया जाएगा.

दरअसल इसका कारण है कि इस बार तेलंगाना की इस सीट से 185 उम्मीदवार मैदान में उतरे हैं. अगले महीने होने वाले चुनावों में भाग लेने वालों में उम्मीदवारों में ज्यादातर किसान हैं. वहीं आपको बता दें कि फ़िलहाल इस सीट पर तेलंगाना के सीएम और TRS चीफ के. चंद्रशेखर राव की बेटी कल्वकुंतला कविता का कब्जा है.

वह इस बार फिर से इस सीट को जीतने के लिए अपनी दावेदारी पेश कर रही है. इस सीट पर नाम वापस लेने की तारीख गुरुवार तक ही थी. तारीख की समाप्ति के बाद मुख्य चुनाव अधिकारी रजत कुमार ने बताया कि इस सीट पर 185 उम्मीदवार मैदान में होंगे जिनमें से 178 किसान हैं.

इन किसानों में से ज्यादातर हल्दी और लाल ज्वार की खेती करते हैं. इन्होंने प्रशासन का ध्यान अपनी और आकर्षित करने के लिए इतनी बड़ी संख्या में नामांकन दाखिल किये है. जिससे उनकी समस्याओं का समाधान हो सके. इन किसानों को खासकर कृषि मजदूरी के भुगतान संबंधी समस्या है.

आपको बता दें कि इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) का इस्तेमाल ज्यादा से ज्यादा 64 उम्मीदवारों के लिए ही किया जा सकता है. ऐसे में जहां पर उम्मीदवारों की तादात को देखते हुए चुनाव अधिकारियों का कहना है कि निजामाबाद में इस बार चुनाव बैलट पेपर के जरिए ही चुनाव कराए जाएंगे.

निजामाबाद सीट के बारे में मुख्य चुनाव अधिकारी रजत कुमार ने कहा कि इस सीट पर बैलेट पेपर से चुनाव कराए जाएगें लेकिन फ़िलहाल इस मामले में अंतिम निर्णय नहीं हुआ है और यह बातचीत के दौर में ही है. इसका अंतिम फैसला चुनाव आयोग ही करेगा.